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Turkey Earthquake Updates: भूकंप से तुर्की-सीरिया में शहर-शहर तबाही, अब तक 360 मौतें, मस्जिदों में शरण ले रहे लोग

 Turkey Earthquake Updates: भूकंप से तुर्की-सीरिया में शहर-शहर तबाही, अब तक 360 मौतें, मस्जिदों में शरण ले रहे लोग



तुर्की में सोमवार को भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए. रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 7.8 थी. बताया जा रहा है कि भूकंप स्थानीय समय के मुताबिक, सुबह 04:17 बजे आया. इसकी गहराई जमीन से 17.9 किलोमीटर अंदर थी. भूकंप के झटके तुर्की के गाजियांटेप के पास महसूस किए गए.

  तुर्की और सीरिया में सोमवार को भूकंप ने भारी तबाही मचा दी. रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 7.8 थी. झटके इतने तेज थे कि कंपन से दोनों देशों में सैकड़ों इमारतें भरभराकर गिर गईं. अब तक दोनों देशों में 360 लोगों की मौत हो गई. जबकि 100 से ज्यादा लोग जख्मी हुए हैं. मरने वालों की संख्या और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है. तुर्की में भूकंप प्रभावित इलाकों में लोगों को मस्जिदों में शरण दी जा रही है.

तुर्की में भूकंप स्थानीय समय के मुताबिक, सुबह 04:17 बजे आया. इसकी गहराई जमीन से 17.9 किलोमीटर अंदर थी. भूकंप का केंद्र गाजियांटेप के पास था. यह सीरिया बॉर्डर से 90 किमी दूर स्थित है. ऐसे में सीरिया के कई शहरों में भी भूकंप के तेज झटके महसूस किए. बताया जा रहा है कि बॉर्डर के दोनों ओर भारी तबाही हुई है


. कहां कितनी तबाही ?

- तुर्की डिजास्टर एंड इमरजेंसी मैनेजमेंट एजेंसी ने बताया कि तुर्की के 7 प्रांतों में 76 लोगों के मारे जाने की खबर है. जबकि 440 लोग जख्मी हुए हैं. 

- सीरिया में सरकार शासित क्षेत्रों में मरने वालों की संख्या 237 हो गई है. जबकि 630 लोग जख्मी हुए हैं. वहीं, विद्रोहियों के शासन वाले सीरिया में 47 लोगों के मारे जाने की खबर है. 

- सीरिया के अलेप्पो और हमा शहरों में इमारतों को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा है. वहीं तुर्की के दियारबाकिर में इमारतों के गिरने की खबर है. 

- विद्रोहियों के शासन वाले सीरिया में सिविल डिफेंस ने स्थिति को विनाशकारी बताया. सिविल डिफेंस के मुताबिक, पूरी की पूरी इमारतें ढह गई हैं और लोग मलबे में दब गए. सीरियन अमेरिकन मेडिकल सोसाइटी के अध्यक्ष अमजद रास ने बताया कि क्षेत्र में इमरजेंसी रूम घायलों से भरे हुए हैं

6 बार लगे झटके


तुर्की के राष्ट्रपति रजब तैयब इरदुगान ने ट्वीट कर बताया कि भूकंप से प्रभावित क्षेत्रों में रेस्क्यू अभियान जारी है. भूकंप के दौरान कम से कम 6 बार झटके लगे. इरदुगान ने लोगों से अपील की कि वे क्षतिग्रस्त इमारतों में प्रवेश न करें. 



7.8 तीव्रता के भूकंप के बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा बड़ा भूकंप आया. इससे लोग खौफ में आ गए. दोनों भूकंपों ने तुर्की और सीरिया को कम से कम छह बार जोर-जोर से हिलाया. सबसे बड़ा झटका 40 सेकेंड तक महसूस किया गया. इसी ने सबसे ज्यादा तबाही भी मचाई. असल में तुर्की चार टेक्टोनिक प्लेटों के जंक्शन पर बसा हुआ है. इसलिए किसी भी प्लेट में जरा सी हलचल पूरे इलाके को हिला देता है. 

मस्जिदों में दी जा रही लोगों को शरण


तुर्की में लोग भूकंप प्रभावित क्षेत्रों से निकलने की कोशिश में जुट गए हैं. ऐसे में सड़कों पर भारी जाम लग रहा है. ऐसे में रेस्क्यू टीमों को प्रभावित इलाकों में पहुंचने में कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है. प्रशासन ने लोगों से सड़क पर न उतरने की अपील की है. उधर, प्रभावित इलाकों में मस्जिदों को शेल्टर के लिए खोल दिया गया है. जिन लोगों के घर भूकंप से तबाह हो गए हैं, उन्हें मस्जिद में शरण दी जा रही है


बताया जा रहा है कि भूकंप के झटके लेबनान, सीरिया में भी महसूस किए गए. सीरिया में अलेप्पो और हमा शहर से नुकसान की खबरें सामने आ रही हैं. सिविल डिफेंस के मुताबिक, सीरिया में तुर्की से लगे इलाकों में कई इमारतें गिर गईं. दमिश्क में भी भूकंप के झटकों के बाद लोग सड़कों पर आ गए. लेबनान में करीब 40 सेकेंड तक भूकंप के झटके महसूस किए गए. 


इमारतों के मलबे में सैकड़ों लोगों के दबे होने की आशंका है. ऐसे में रेस्क्यू टीमें और स्थानीय क्षतिग्रस्त इमारतों में लोगों की तलाश करने में जुटे हैं. 

Earthquake in Turkey


पीएम मोदी ने जताया दुख


पीएम मोदी ने तुर्की में भूकंप से हुई तबाही पर दुख जताया है. उन्होंने कहा कि इस समय तुर्की में आए भूकंप पर हम सभी की दृष्टि बनी हुई है. कई लोगों की मृत्यु और काफी नुकसान की खबरें हैं. तुर्की के आसपास के देशों में भी नुकसान की आशंका है. भारत भूकंप पीड़ितों की हर संभव मदद के लिए तत्पर है.


तुर्की में 1999 में आए भूकंप में 18000 लोगों की हुई थी मौत


तुर्की की भौगोलिक स्थिति के चलते यहां अक्सर भूकंप आते रहते हैं. यहां 1999 में आए भूकंप में 18000 लोगों की मौत हो गई थी. अक्टूबर 2011 में आए भूकंप में 600 से ज्यादा लोगों की मौत हुई थी. 


तुर्की में 5 बडे़ भूकंप, जिन्होंने मचाई तबाही

 

7.8 तीव्रताः तुर्की में आज आए भूकंप की बराबर तीव्रात का भूकंप इससे पहले 1939 में आया था. उसमें 32,700 से ज्यादा लोग मारे गए थे. 


7.6 तीव्रताः 17 अगस्त 1999 में तुर्की के इजमित में भूकंप आया. इसमें 17 हजार से ज्यादा लोग मारे गए थे. उससे पहले 23 जुलाई 1784 को एरजिनकान में इसी पैमाने का भूकंप आया था. जिसमें 5 से 10 हजार लोगों के मारे जाने का अनुमान है. 


7.5 तीव्रताः इस तीव्रता के तुर्की में अब तक छह भूकंप आए हैं. 13 दिसंबर 115 सीई में 7.5 तीव्रता का भूकंप आया था. जिसमें ढाई लाख से ज्यादा लोग मारे गए थे. 23 फरनरी 1653 को आए भूकंप में 2500 लोग मारे गए. 7 मई 1930 को आए भूकंप में 2500 से ज्यादा लोगों की मौत हुई थी. 26 नवंबर 1943 को आए भूकंप में करीब 5 हजार लोग मारे गए थे. 1 फरवरी 1944 में फिर इसी तीव्रता का भूकंप आया. चार हजार लोग मारे गए. 24 नवंबर 1976 को आए भूकंप में चार हजार लोग मारे गए. 


7.4 तीव्रताः इस तीव्रता का भूकंप एक ही बार आया है. ये बात है 2 जुलाई 1840 की है. इस भूकंप में 10 हजार लोग मारे गए थे. 


7.3 तीव्रताः 3 अप्रैल 1881 में आए भूकंप से 7866 लोगों की मौत हुई. 10 अक्टूबर 1883 को आए भूकंप से 120 लोग मारे गए. 9 अगस्त 1953 को आए भूकंप से 216 लोग मारे गए. 


तुर्की में क्यों आता है बार बार भूकंप?


तुर्की का ज्यादातर हिस्सा एनाटोलियन प्लेट पर है. इस प्लेट के पूर्व में ईस्ट एनाटोलियन फॉल्ट है. बाईं तरफ ट्रांसफॉर्म फॉल्ट है. जो अरेबियन प्लेटके साथ जुड़ता है. दक्षिण और दक्षिण-पश्चिम में अफ्रीकन प्लेट (African Plate) है. जबकि, उत्तर दिशा की तरफ यूरेशियन प्लेट है, जो उत्तरी एनाटोलियन फॉल्ट जोन से जुड़ा है. घड़ी के विपरीत दिशा में घूम रही है एनाटोलियन टेक्टोनिक प्लेट तुर्की के नीचे मौजूद एनाटोलियन टेक्टोनिक प्लेट घड़ी के विपरीत दिशा में घूम रहा है. यानी एंटीक्लॉकवाइज. साथ ही इसे अरेबियन प्लेट धक्का दे रही है. अब ये घूमती हुई एनाटोलियन प्लेट को जब अरेबियन प्लेट धक्का देती है, तब यह यूरेशियन प्लेट से टकराती है. तब भूकंप के तगड़े झटके लगते हैं.




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